Skip to content

Naukari4u

More results...

Generic selectors
Exact matches only
Search in title
Search in content
Post Type Selectors
Filter by Categories
Admission
Admit Card
Answer Key
BANK
Bihar Govt. Jobs
chhattisgarh Govt. Jobs
Delhi Govt. Jobs
DOPT ORDER
DSSSB
ELECTRICAL
Haryana GK Hindi
Haryana Govt. Jobs
HPSC
HRMS
HSSC
HSSC EXAM
ITI
Latest Jobs
LHB TL & AC
MP Govt. Jobs
Previous Year Question Paper
Public Notice
Punjab Govt. Jobs
RAILWAY
Railway Govt. Jobs
Rajasthan Govt. Jobs
Results
RPSC
RSMSSB
Sarkari Yojana
Seniority
Service Rules
Share Market
Solved Papers
SSC
Syllabus
UK Govt. Jobs
UKPSC
UKSSSC
Uncategorized
UP Govt. Jobs
UPPBPB
UPSC
UPSSSC

HARYANA GK – हरियाणा के स्वतंत्रता सेनानी (Freedom Fighters Of Haryana)

सर छोटूराम

  • सर छोटूराम का जन्म 24 नवम्बर, 1881 को रोहतक के गढ़ी सांपलामें हुआ था। 
  • आगरा विश्वविद्यालय से सर छोटूराम ने वकालत का पढ़ाई पूरी की।
  • सर छोटूराम ने वर्ष 1916 में रोहतक से उर्दू साप्ताहिक जाट गजट का प्रकाशन किया। 
  • सर छोटूराम ने  वर्ष 1924 में जमींदार लीग की स्थापना की।
  • सर छोटूराम को  1937 में इन्हें ‘सर’ की उपाधि से सम्मानित किया गया।
  • सर छोटूराम को  वर्ष 1938 में इनके द्वारा किसानों के अनाज की बिक्री हेतु ‘मार्केटिंग बोर्ड का गठन किया गया।

चौधरी देवीलाल

  • चौधरी देवीलाल का जन्म सिरसा जिले के चौटालागाँव में हुआ था।
  • वर्ष 1930 में अपनी शिक्षा अधूरी छोड़कर चौधरी देवीलाल स्वयंसेवक बन गए।
  • वर्ष 1942 के आन्दोलन में इनकी भूमिका सक्रिय रही तथा चौधरी देवीलाल को कारावास की सजा मिली।
  • चौधरी देवीलाल  वर्ष 1952 में ये पंजाब में कांग्रेस के सदस्य बने।
  • चौधरी देवीलाल  वर्ष 1962 के चुनाव में कांग्रेस के विरुद्ध चुने गए और विपक्षी दल के नेता बने।
  • हरियाणा राज्य के गठन में चौधरी देवीलाल ने महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई।
  • वर्ष 1977 में जनता पार्टी की सरकार में चौधरी देवीलाल हरियाणा के मुख्यमन्त्रीबने।
  • चौधरी देवीलाल  वर्ष 1989 में केन्द्रीय सरकार में उप-प्रधानमन्त्री बने।
  • 6 अप्रैल, 2001में चौधरी देवीलाल का निधन हो गया।

सन्त वीरभान

  • सन्त वीरभान मारनौल के थे।
  • यन्त उदयदास सन्त वीरभान के आध्यात्मिक गुरु थे। 
  •  ज्ञान प्राप्ति के उपरान्त 1542 ई. के लगभग सन्त वीरभान ने नए सतनामी सम्प्रदाय की स्थापना की।
  • 16वीं सदी के साहित्यकारों में सन्त वीरभान का प्रमुख स्थान था।
  • सन्त वीरभान की वाणियों की पुस्तक ग्रन्थ साहब कहलाती है। 

भरत सिंह

  • मोखरा (महम) निवासी भरत सिंह सविनय अवज्ञा आन्दोलन के दौरान नौ महीने जेल में रहे।
  • वर्ष 1941 में भरत सिंह को व्यक्तिगत रूप से सत्याग्रह में भाग लेने के कारण छ: माह की सजा हुई।
  • भरत सिंह ने जिला कांग्रेस में मन्त्री तथा प्रभाव के पद पर भी कार्य किया।
  • वर्ष 1967 में महम से भरत सिंह(कांग्रेस के विरोध में) विधानसभा सदस्य बने।

बदलुराम

  • बदलुराम का जन्म रोहतक के सांघीग्राम में हुआ था।
  • नमक सत्याग्रह के दौरान बदलुराम को छः माह जेल की सजा दी गई।
  • सत्याग्रह आन्दोलन के दौरान बदलुराम 2-3 बार जेल की यात्रा की।
  • 1952 में भी बदलुराम को विधानसभा का सदस्य चुना गया।
  • वर्ष 1946 के चुनाव में बदलुराम रोहतक के महम क्षेत्र से कांग्रेस की ओर से विधानसभा के सदस्य बने।

पंडित अमीलाल

  • पंडित अमीलाल का जन्म जींद के खाण्डाखेड़ीग्राम में हुआ था।
  • पंडित अमीलाल ने वर्ष 1929 में गाँधीजी के निवास स्थान पर 10 दिन स्वयंसेवक के रूप में कार्य किया।
  • पंडित अमीलाल को सविनय अवज्ञा के दौरान बुआना ग्राम (दिल्ली) से गिरफ्तार कर छः माह की जेल की सजा दी गई।
  • पंडित अमीलाल ने वर्ष 1935 में प्रजामण्डल जींदमें काम किया तथा दो माह जेल में रहे।
  • आर्य समाज सत्याग्रह में पंडित अमीलाल को  नौ माह की कारावास की सजा दी गई।

बाबू दयाल शर्मा

  • बाबू दयाल शर्मा का जन्म रेवाड़ी के मालपुरा तहसील में हुआ था।
  • मैट्रिक के बाद बाबू दयाल शर्मा ने सहकारिता विभाग में नौकरी की।
  • बाबू दयाल शर्मा वर्ष 1932 में कांग्रेस में शामिल हो गए तथा इन्होंने पटौदी रियासत में प्रजामण्डल आन्दोलन का नेतृत्व किया।
  • वर्ष 1946 में बाबू दयाल शर्मा ने पटौदी रियासत के नवाब से टक्कर ली।
  • वर्ष 1952 में कांग्रेस की ओर से बाबू दयाल शर्मा पंजाब विधानसभा के सदस्य बने।

भगवतदयाल शर्मा

  • भगवतदयाल शर्मा का जन्म बेरी में हुआ था।
  • वर्ष 1941-42 के आन्दोलन में भगवतदयाल शर्मा ने सक्रिय भूमिका निभाई तथा तीन बार जेल गए।
  • वर्ष 1942 की क्रान्ति में भूमिगत रहकर भगवतदयाल शर्मा ने आन्दोलन में भाग लिया।
  • भगवतदयाल शर्मा  1 नवम्बर, 1966 को पृथक् राज्य के रूप में अस्तित्व में आने के बाद हरियाणा राज्य के प्रथम मुख्यमन्त्री बने।

लाला काकाराम

  • लाला काकाराम ने वर्ष 1919 में रॉलेट एक्ट के विरुद्ध हड़ताल का आयोजन करवाया था।
  • नमक सत्याग्रह में भागीदारी के कारण लाला काकाराम को एक वर्ष की सजा दी गई।
  • वर्ष 1932 में कैथल मण्डी से गिरफ्तार कर लाला काकाराम को छः माह की सजा दी गई।
  • वर्ष 1940 में मोतीलाल नेहरू के जन्मदिवस पर सार्वजनिक भाषण देने के कारण भी लाला काकाराम को गिरफ्तार किया गया।

बलदेव सिंह

  • बलदेव सिंह का जन्म हुमायूँपुर ग्राम में हुआ था।
  • बलदेव सिंह ने रोहतकमें जाट हाईस्कूल की स्थापना की।
  • असहयोग आन्दोलन के दौरान बलदेव सिंह को  एक वर्ष की सजा दी गई।
  • असहयोग आन्दोलन के दौरान बलदेव सिंह ने राष्ट्रीय विद्यालय बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई।
  •  वर्ष 1926 के चुनाव में बलदेव सिंह पंजाब काउन्सिल के सदस्य चुने गए।

लाला सुल्तान सिंह

  • लाला सुल्तान सिंह का जन्म राज्य के रोहतक जिले में हुआ था।
  • लाला सुल्तान सिंह ने लम्बे समय तक नगर कांग्रेस समिति के कोषाध्यक्ष तथा प्रधान के रूप में काम किया।
  • वर्ष 1930-32 में सुल्तान सिंह ने कांग्रेस के आन्दोलन में राष्ट्रीय रूप से भाग लिया।
  • स्वतन्त्रता आन्दोलन में भाग लेने के कारण वर्ष 1940-42 में लाला सुल्तान सिंह को कैद किया गया।
  • लाला सुल्तान सिंह की मृत्यु वर्ष 1946 में हो गई।

वैद्य लेखराम

  • वैद्य लेखराम का जन्म हिसार में हुआ था।
  • भारत के वायसराय लॉर्ड इरविन की ट्रेन के नीचे रखे गए बम की घटना में वैद्य लेखराम शामिल थे।
  • उस बम का निर्माण लेखराम ने रोहतक में किया था।

बनारसीदास

  • बनारसीदास वर्ष 1930-31 में सविनय अवज्ञा आन्दोलन के दौरान जेल जाने के लिए घर से भाग गए तथा मेरठ के सत्याग्रही शिविर में चले गए।
  • बनारसीदास ने रेवाड़ी में नवयुवक सभा की स्थापना की।
  • वर्ष 1941 में बनारसीदास को व्यक्तिगत सत्याग्रह के दौरान गिरफ्तार किया गया तथा दो वर्ष की सजा दी गई।
  • वर्ष 1942 के भारत छोड़ो आन्दोलन में बनारसीदास को 2 वर्ष के लिए नजरबन्दी बनाया गया।

कामरेड लक्ष्मनदास

  • कामरेड लक्ष्मनदास हरियाणा के रोहतक जिले के रहने वाले थे।
  •  वर्ष 1930 में नमक सत्याग्रह के दौरान कामरेड लक्ष्मनदास को  एक वर्ष का कारावास हुआ।
  • वर्ष 1942 के भारत छोड़ो आन्दोलन में कामरेड लक्ष्मनदास को  11 महीने की जेल हुई।

लाला चन्द्रभान गुप्ता

  • लाला चन्द्रभान गुप्ता का जन्म 27 जुलाई, 1921 को रोहतक के खैरपुरमें हुआ।
  • लाला चन्द्रभान गुप्ता ने रक्षा विभाग में नौकरी की, किन्तु वर्ष 1957 के दौरान त्याग-पत्र दे दिया।
  • लाला चन्द्रभान गुप्ता ने वर्ष 1945 में वकालत शुरू की तथा वर्ष 1947 में ‘शरणार्थी रिलीफ कमेटी‘ के सदस्य बने।
  • वर्ष 1954 में लाला चन्द्रभान गुप्ता  हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य तथा अखिल भारतीय कांग्रेस के डेलीगेट बने।
  • लाला चन्द्रभान गुप्ता को वर्ष 1962 में पंजाब काउन्सिल का सदस्य चुना गया।
  • वर्ष 1977 में लाला चन्द्रभान गुप्ता जनता पार्टी के महामन्त्री बने।
  • लाला चन्द्रभान गुप्ता ने साप्ताहिक पत्रिका ‘भारत निर्माण’ का सम्पादन किया।

बालमुकुन्द गुप्त

  • बालमुकुन्द गुप्त का जन्म 1865 ई. में झज्जर के गुड़ीयानी में हुआ था।
  • बालमुकुन्द गुप्त महान् देशभक्त, पत्रकार, आलोचक तथा निबन्धकार थे।
  • बालमुकुन्द गुप्त 1886-88 ई. तक ‘अखबारे चुनार‘ के तथा इसके बाद ‘कोहेनर‘ के सम्पादक बने।
  • बालमुकुन्द गुप्त 1889-91 ई. तक ‘हिन्दुस्तान‘, 1893-98 ई. तक ‘हिन्द बंगवासी’ तथा  1899-1907 ई. तक ‘भारत मित्र’ से जुड़े’ रहे।

मास्टर नान्दू राम

  • गोहना में जन्मे नान्दू राम ने कांग्रेस आन्दोलन से प्रभावित होकर अध्यापक की नौकरी छोड़ दी तथा वर्ष 1930 में जिला कांग्रेस कमेटी के दफ्तर इंचार्ज बने।
  • मास्टर नान्दू राम को  नमक सत्याग्रह के दौरान छः माह की जेल की सजा मिली।
  • मास्टर नान्दू राम को  असहयोग आन्दोलन में भाग लेने के कारण एक वर्ष की कारावास की सजा मिली।
  • भारत छोड़ो आन्दोलन के दौरान छ: माह के लिए मास्टर नान्दू राम को कैद किया गया।
  • मास्टर नान्दू राम  वर्ष 1952-57 में पंजाब विधानसभा के लिए सदस्य चुने गए।
  • भारत सरकार ने मास्टर नान्दू रामको ताम्र-पत्रसे सम्मानित किया था।

राय बहादुर लाला मुरलीधर

  • राय बहादुर लाला मुरलीधर का जन्म 1848 ई. में पलवल में हुआ था।
  • राय बहादुर लाला मुरलीधर अम्बाला के ख्यातिप्राप्त वकील थे।
  • ब्रिटिश सरकार द्वारा राय बहादुर लाला मुरलीधर को  ‘रायबहादुर’ तथा ‘केसर-ए-हिन्द’ की उपाधि प्रदान की गई।
  • राय बहादुर लाला मुरलीधर राज्य में कांग्रेस के संस्थापक सदस्य भी रहे।
  • राष्ट्रीय आन्दोलन में भाग लेने के कारण राय बहादुर लाला मुरलीधर को 1886 ई. में जेल जाना पड़ा।
  • राय बहादुर लाला मुरलीधर ने रॉलेट एक्ट के विरोध में वर्ष 1921 में अपनी सभी उपाधियाँ लौटा दीं।
  • राय बहादुर लाला मुरलीधर “ग्रैण्ड ओल्ड मैन ऑफ पंजाब” के नाम से भी प्रसिद्ध थे।
  • वर्ष 1922 में राय बहादुर लाला मुरलीधर का निधन हो गया।

राव तुलाराम

  • राव तुलाराम 1857 ई. की क्रान्ति के वीर सेनानी थे।
  • राव तुलाराम का जन्म दिसम्बर, 1825 में रेवाड़ीके रामपुरामें राव घराने में हुआ था।
  • अंग्रेजों ने राव तुलाराम की रियासत हड़प ली, जिससे नाराज होकर 1867 ई. की क्रान्ति में कूद पड़े।
  • 17 मई, 1857 को राव तुलाराम ने रेवाड़ी को स्वतन्त्र करा लिया।
  • बहादुरशाह द्वितीय के आदेश पर राव तुलाराम ने दिल्ली के क्रान्तिकारियों की सहायता की तथा इसी दौरान 16 नवम्बर, 1857 को नारनौल में अंग्रेजों के साथ एक युद्ध में हार गए।
  • दिसम्बर, 1861 में काबुल में राव तुलाराम का निधन हो गया।

चौधरी कृपाराम

  • चौधरी कृपाराम का जन्म हिसार के स्याहडवा में 6 दिसम्बर, 1861 को हुआ था।
  • चौधरी कृपाराम ने गाँधीजी के आह्वान पर नौकरी छोड़ दी तथा हिसार में गाँधीजी के प्रचारक बन गए।
  • वर्ष 1941 में चौधरी कृपाराम हिसार कांग्रेस के अध्यक्ष बने।
  • भारत छोड़ो आन्दोलन में हिस्सेदारी के कारण चौधरी कृपाराम  छः माह की कारावास की सजा हुई।

राधाकृष्ण वर्मा

  • राधाकृष्ण वर्मा ने वर्ष 1920 में भिवानी में ‘नौजवान भारत सभा’ की स्थापना की।
  • वर्ष 1930 में ‘नौजवान भारत सभा’ संस्था अवैध घोषित कर दी गई जिस कारण राधाकृष्ण वर्मा को छः माह की सजा हुई।
  • भारत छोड़ो आन्दोलन में हिस्सा लेने के कारण राधाकृष्ण वर्मा को 26 जनवरी, 1943 को गिरफ्तार हुए तथा चार माह के लिए जेल गए।
  • राधाकृष्ण वर्मा वर्ष 1955-57 तक भिवानी कांग्रेस के प्रधान रहे।

लाला श्यामलाल

  • वर्ष 1916 में लाला श्यामलालरोहतक कांग्रेस कमेटी के मन्त्री बने तथा वर्ष 1917 में प्रतिनिधि के रूप में इन्होंने कलकत्ता कांग्रेस अधिवेशन में भाग लिया।
  • लाला श्यामलाल ने वर्ष 1921 में वकालत छोड़ दी।
  • वर्ष 1930 में नमक सत्याग्रह में भाग लेने के कारण लाला श्यामलाल  को 2 वर्ष की जेल हुई।
  • लाहौर षड्यन्त्र केस में लाला श्यामलाल क्रान्तिकारियों के वकील बने तथा वर्ष 1934 में केन्द्रीय असेम्बली में कांग्रेस के सदस्य बने।
  • 10 जनवरी, 1940 को लाला श्यामलाल का देहांत हो गया।

लाला दौलतराम गुप्त

  • लाला दौलतराम गुप्त का जन्म रोहतक में हुआ था।
  • लाला दौलतराम गुप्त वर्ष 1916 में रोहतक कांग्रेस कमेटी के सहकारी मन्त्री बने।
  • असहयोग आन्दोलन और नमक सत्याग्रह में भाग लेने के कारण लाला दौलतराम गुप्त को 6-6 महीने का कारावास हुआ।
  • लाला दौलतराम गुप्त वर्ष 1932 से हरिजन सेवक संघ के कार्य में संलग्न हो गए।

पण्डित श्रीराम शर्मा

  • पण्डित श्रीराम शर्मा का जन्म 1 अक्टूबर, 1899 को झज्जर में हुआ था।
  • कांग्रेस के सभी पाँच सत्याग्रहों (1922,30,32,41 तथा 1942) में भाग लेने के कारण पण्डित श्रीराम शर्मा सात वर्षों तक कारावास में रहे।
  • पण्डित श्रीराम शर्मा ने वर्ष 1923 में रोहतक से आजादी के समर्थन में उर्दू और हिन्दी में ‘हरियाणा तिलक नामक साप्ताहिक-पत्र निकाला और ‘हरियाणा का इतिहास’ तथा ‘हरियाणा के नवरत्न‘ का लेखन कार्य किया।
  • 17 अक्टूबर, 1989 को पण्डित श्रीराम शर्मा पंचतत्त्व में विलिन हो गए।

पण्डित नेकीराम शर्मा

  • पण्डित नेकीराम शर्मा का जन्म रोहतक के कैलंगा गाँव में 4 सितम्बर, 1887 को हुआ था।
  • वर्ष 1916 में पण्डित नेकीराम शर्मा तिलक के स्वराज संघ के सदस्य तथा वर्ष 1920 में डिवीजनल कॉन्फ्रेन्स के सचिव बने जिसमें गाँधीजी सम्मिलित थे।
  • वर्ष 1925-30 तक पण्डित नेकीराम शर्मा , लाला लाजपत राय तथा मदन मोहन मालवीय के साथ रहे।
  • पण्डित नेकीराम शर्मा ने भिवानी से ‘सन्देश’ नामक साप्ताहिक – पत्र निकाला।
  • 8 जून, 1956 को पण्डित नेकीराम शर्मा की मृत्यु हो गई।
error: Content is protected !!